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Dec-03-19 जानिए विक्रम को खोजने में नासा की मदद करने वाला भारतीय इंजीनियर के बारें में

Divay Bharat / खेल कुद /30-Jul-2019/Viewed : 150

देश की बेटीयां कर रहीं है कमाल, हिमा दास के बाद अब आयसा ने जीता 2 गोल्ड मेडल

जानिए विक्रम को खोजने में नासा की मदद करने वाला भारतीय इंजीनियर के बारें में

दिव्यभारत मीडिया, नई दिल्ली डेस्क :  यमुना विहार के सर्वोदय स्कूल में पढ़ने वाली आयशा मुस्तफाबाद की तंग गलियों से निकलकर रोप स्किपिंग से सात समंदर पार की छलांग लगा रही हैं। वह अपने स्कूल की लड़कियों के लिए मिसाल बनती जा रही हैं। आयशा के टीचर उनको हिमा दास की राह पर बता रहे हैं, हिमा दास ने पिछले दिनों पांच गोल्ड मेडल जीते हैं। अब मुस्तफाबाद की बेटी ने एशियन कॉन्टिनेंटल रोप स्किपिंग चैंपियनशिप में दो गोल्ड और एक सिल्वर मेडल जीता है।

11वीं क्लास में पढ़ने वाली आयशा के पिता शमीम अहमद इस जीत पर बेहद खुश हैं। वह कपड़ा कटिंग मास्टर हैं। उन्होंने बताया कि रोप स्किपिंग में एक बार आयशा ने जाने का सोचा तो फिर पीछे मुड़कर नहीं देखा और मेडल्स की झड़ी लगा दी। नैशनल स्कूल गेम्स में आयशा अभी तक 13 गोल्ड, एक सिल्वर और एक ब्रॉन्ज मेडल हासिल कर चुकी हैं। ओपन नैशनल में 17 गोल्ड, दो सिल्वर और एक ब्रॉन्ज मेडल जीता है। इसके अलावा स्टेट लेवल गेम्स में आयशा के नाम दर्जनों गोल्ड मेडल हैं। आयशा ने बताया कि उन्हें बचपन से ही रस्सी कूदने का शौक था। स्कूल में जब उन्हें पता चला कि इस गेम में नैशनल और इंटरनैशनल प्रतियोगिताएं होती हैं तो उन्होंने और अधिक मेहनत करना शुरू किया। वह क्लास आठ से इस खेल में नैशनल खेल रही हैं। आयशा ने कहा कि वह अपने देश के लिए कुछ करना चाहती हैं। साथ ही एक खिलाड़ी के तौर पर उनका अपने परिवार को सम्मानपूर्ण जिंदगी देना भी सपना है। आयशा का परिवार मुस्तफाबाद के 90 गज के एक घर में रहता है। इस घर में आयशा का संयुक्त परिवार है। ऐसे में उनके परिवार के हिस्से में सिर्फ तीस गज का ही मकां है। वह बताती हैं कि बचपन से उनके परिवार ने बहुत संघर्ष किया है, लेकिन उन्हें कभी किसी चीज की कमी महसूस नहीं होने दी। दिल्ली सरकार से उन्हें अब स्कॉलरशिप मिलने लगी है। आयशा अठवीं क्लास से स्कूल के साथ-साथ बाहर अपने कोच तरुण तिवारी से रोप स्किपिंग सीख रही हैं।

बहन को डॉक्टर बनाने का है सपना

आयशा ने एनबीटी को बताया कि वह चार बहनें हैं और उनका एक भाई है। उनसे बड़ी बहन की शादी हो गई है और मां रिहाना हाउस वाइफ हैं। उनका सपना है कि वह इस गेम में करियर बनाकर अपनी बहन को डॉक्टर बना सकें। इसके लिए वह खेल के साथ-साथ पढ़ाई में भी काफी मेहनत कर रही हैं। आयशा का कहना है कि उनके पिता उन्हें रोप स्क‍िपिंग का इंटरनैशनल प्लेयर बनाना चाहते हैं।

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